- 2015 में हो चुका है निधन
- 2026 में लोकसभा से बुलावा
- बेटे ने सोशल मीडिया पर किया तीखा व्यंग्य
- लोकसभा सचिवालय की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
देहरादून: देहरादून की पूर्व मेयर मनोरमा डोबरियाल शर्मा के निधन के 11 साल बाद लोकसभा सचिवालय की ओर से 2026 में चर्चा के लिए निमंत्रण पत्र भेजा गया है। मामला सामने आते ही सोशल मीडिया पर लोग जमकर चुटकियां ले रहे हैं।
20 मार्च 2026 को लोकसभा सचिवालय की ओर से जारी एक पत्र ने सबको चौंका दिया है। संयुक्त सचिव जयोचनामयी सिन्हा के हस्ताक्षर से भेजे गए एक पत्र में मनोरमा डोबरियाल शर्मा को महिला सांसदों पर प्रकाशित होने वाली एक पुस्तक के लिए लेख भेजने का न्योता दिया गया है। हैरानी की बात यह है कि मनोरमा डोबरियाल शर्मा का निधन 18 फरवरी 2015 को हो चुका है। इसके बावजूद उन्हें यह आमंत्रण भेजा गया। इतना ही नहीं, यह पत्र देहरादून के अजबपुर कलां स्थित उनके पुराने पते पर पहुंचा है। जिससे इस चूक की गंभीरता और बढ़ गई। पत्र में उल्लेख किया गया है कि लोकसभा सचिवालय वर्ष 1993 में प्रकाशित पुस्तक का अपडेटेड संस्करण तैयार कर रहा है। जिसमें महिला नेतृत्व और आधुनिक चुनौतियों पर अनुभव साझा करने के लिए उन्हें आमंत्रित किया गया है।
सोशल मीडिया पर तंज
इस पूरे घटनाक्रम पर उनके पुत्र विवेक शर्मा ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने फेसबुक पर व्यंग्य करते हुए लिखा कि “धन्यवाद मोदी सरकार, आपने मेरी मां को, जो 11 साल पहले इस दुनिया से जा चुकी हैं, लोकसभा में चर्चा के लिए बुलाया है। मैं मम्मी से कहूंगा कि वहां जाकर इनकी बुद्धि शुद्धि जरूर करें। पोस्ट सामने आते ही सोशल मीडिया पर यूजर्स ने भी जमकर प्रतिक्रिया दी। किसी ने इसे “सरकारी फाइलों की धीमी चाल” बताया, तो किसी ने “डेटा अपडेट की बड़ी चूक” करार दिया।
सरकारी तंत्र पर सवाल
यह घटना सरकारी रिकॉर्ड अपडेट और सत्यापन की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े करती है। इतने बड़े स्तर पर इस तरह की गलती होना प्रशासनिक लापरवाही को दर्शाता है।
